नीट: आरुष ने की 16 घंटे पढ़ाई तो हिमांशु कोचिंग लेने 50 किमी जाता था

हिमांशु ने 99.9976 पर्सेंटाइल पाकर तीसरी रैंक और आरुष ने 99.99961 पर्सेंटाइल के साथ चौथी रैंक हासिल की

एजुकेशन डेस्क, नई दिल्ली। नीट परीक्षा का रिजल्ट सोमवार को घोषित किया गया। इसमें देशभर से कुल 13,26,725 उम्मीदवारों ने भाग लिया था। परीक्षा में 66 हजार एमबीबीएस व डेंटल सीटों के लिए चयन किया जाना है। ऑल इंडिया रैंकिंग के टॉप-5 में दिल्ली का नाम शामिल है। हिमांशु शर्मा ने 99.9976 पर्सेंटाइल हासिल करके तीसरी रैंक हासिल की। वहीं, आरुष धमीजा ने 99.99961 पर्सेंटाइल के साथ चौथी रैंक पाई। बिहार की सीहोर जिले की कल्पना कुमारी 99.99992 पर्सेंटाइल के साथ पहली और तेलंगाना के रोहन पुरोहित ने 99.99976 दूसरी रैंक हासिल की। 

हिमांशु शर्मा, तीसरी रैंक

12वीं में 88% मार्क्स प्राप्त किए थे, अब एम्स से एमबीबीएस करने की है ख्वाहिश 
हरियाणा के रोहतक के रहने वाले हिमांशु हफ्ते में तीन बार रोहतक से दिल्ली के जनकपुरी (50 किलोमीटर) आकर कोचिंग लेते थे। कई बार कोचिंग क्लासेज लेने के लिए अकेले भी आते थे। हिमांशु के 720 में से 690 अंक हैं। उनके पिता रोहतक में ही साइंस टीचर हैं। उनकी पहली प्राथमिकता एम्स है। हिमांशु बताते हैं कि 9वीं कक्षा से ही उनका मन डॉक्टर बनने का था और उन्होंने हमेशा इसी पर फोकस किया। 12वीं बोर्ड में उनके 88 पर्सेंट मार्क्स आए लेकिन उनका मन नीट परीक्षा में ही था। 

सक्सेस मंत्र- जरूरी नहीं कि आप बोर्ड परीक्षा में ही 98 पर्सेंट अंक हासिल करके अच्छा कर सकते हैं। जो आपका मन है बस उसी के मुताबिक पढ़ाई पर ध्यान लगाएं। असफल होने से डरें नहीं, लगातार प्रयास करते रहें। 


आरुष धमीजा, चौथी रैंक

2 साल फोन को हाथ नहीं लगाया, 16 घंटे पढ़ाई की, एम्स से एमबीबीएस करना है प्राथमिकता 
सातवीं कक्षा से आरुष ने सोच लिया था कि उन्हें डॉक्टर बनना है। दिल्ली के शालीमार बाग में रहने वाले आरुष 16 घंटे पढ़ाई करते थे। आरुष के नीट में 720 में से 686 मार्क्स हैं। उन्होंने 12वीं में 91 पर्सेंट स्कोर किए। वह बताते हैं कि पिछले दो साल से उन्होंने दिन-रात सिर्फ नीट परीक्षा के लिए ही मेहनत की है। पिता संजय ने बताया कि आरुष ने पिछले दो साल से टीवी तक नहीं देखा है। न ही मोबाइल को हाथ लगाया है। उसकी पहली प्राथमिकता एम्स दिल्ली से एमबीबीएस करने की है। 

सक्सेस मंत्र- आरुष धमीजा बताते हैं कि सिर्फ पढ़ने पर ही ध्यान लगाना चाहिए। फिजिक्स और केमिस्ट्री के सवालों पर ध्यान केंद्रित करें और कोई दिक्कत होती है तो कठिन सवाल को बार-बार हल करें। 


हाईकोर्ट ने नीट परीक्षा के परिणामों पर रोक लगाने की याचिका खारिज की 
नई दिल्ली। जस्टिस प्रतिभा एम. सिंह ने वर्ष 2018 के राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट) के परिणामों पर रोक लगाने से इनकार कर दिया। पेश याचिका में प्रश्नपत्र लीक होने का आरोप लगाते हुए उसके परिणामों पर रोक लगाने की हाईकोर्ट से मांग की गई थी। 6 मई को देशभर के मेडिकल एवं डेंटल कॉलेजों में नामांकन के लिए नीट परीक्षा का आयोजन हुआ था। 4 जून को इसके परिणाम घोषित हुए हैं। 

नीट 2018 का रिजल्ट देखने के लिए यहां क्लिक करें

Next News

रोजाना 13 घंटे पढ़ाई कर बनी नीट की टॉपर, कार्डियोलॉजिस्ट बनना है सपना

कल्पना ने दिल्ली में रहकर इसकी तैयारी की। बायोलॉजी में 360 में से 360 अंक के साथ 99.99 पर्सेंटाइल हासिल किए।

फिजिक्स पेपर में 3.8% और केमेस्ट्री में 1.6% मार्क्स पर ही नीट क्वालिफाई

नीट की काउंसलिंग 12 जून से शुरू होगी। इस बार नीट की जनरल कटऑफ 119 मार्क्स की रही। जबकि पिछले साल यह 131 रही थी।

Array ( )